ITR फाइल करने के लिए ज़रूरी दस्तावेज़
सीधा जवाब: ITR भरने के लिए ये तैयार रखिए — PAN और आधार (आपस में लिंक किए हुए), नियोक्ता से मिला Form 16, पोर्टल से Form 26AS और AIS, बैंक स्टेटमेंट और ब्याज के सर्टिफ़िकेट, निवेश/कटौती के प्रमाण (80C, 80D…), और अगर आपने शेयर, फंड या प्रॉपर्टी बेची है तो कैपिटल गेंस स्टेटमेंट।
🪪 पहचान और रजिस्ट्रेशन
- PAN (आधार से लिंक किया हुआ)
- आधार
- रिफ़ंड के लिए बैंक खाते की जानकारी (पहले से वेरिफ़ाई की हुई)
💼 आमदनी के दस्तावेज़
- Form 16 (सैलरी वालों के लिए) / दूसरी आमदनी पर TDS के लिए Form 16A
- इनकम-टैक्स पोर्टल से Form 26AS और AIS
- बैंक स्टेटमेंट और FD/बचत खाते के ब्याज के सर्टिफ़िकेट
- अगर आप HRA क्लेम कर रहे हैं तो किराए की रसीदें
- अपने ब्रोकर/फंड हाउस से कैपिटल गेंस स्टेटमेंट; प्रॉपर्टी के लिए सेल डीड
🧾 कटौती के प्रमाण (पुरानी रिजीम)
- 80C: PPF / ELSS / LIC / ट्यूशन फ़ीस / होम लोन का मूलधन
- 80D: हेल्थ इंश्योरेंस का प्रीमियम
- होम लोन के ब्याज का सर्टिफ़िकेट (Section 24)
- दान की रसीदें (80G)
जानने लायक बातें
incometax.gov.in पर फाइल कीजिए। रिटर्न के साथ कोई दस्तावेज़ अटैच नहीं होता — ये काग़ज़ आँकड़ों का आधार बनते हैं और प्रमाण के तौर पर सँभालकर रखने होते हैं। अपनी कैटेगरी की मौजूदा आख़िरी तारीख़ पोर्टल पर देख लीजिए।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या ITR के साथ दस्तावेज़ अटैच करने होते हैं?
नहीं — रिटर्न सिर्फ़ आँकड़ों पर भरा जाता है। दस्तावेज़ उन आँकड़ों का आधार होते हैं और किसी नोटिस या जाँच की स्थिति के लिए सँभालकर रखने चाहिए।
Form 26AS और AIS क्या हैं?
इनकम-टैक्स पोर्टल पर मौजूद स्टेटमेंट, जो आपके PAN पर कटा टैक्स और आपके दर्ज वित्तीय लेन-देन दिखाते हैं — फाइल करने से पहले अपने रिटर्न का दोनों से मिलान कर लीजिए।
कैपिटल गेंस के लिए कौन से दस्तावेज़ मायने रखते हैं?
शेयर और म्यूचुअल फंड के लिए ब्रोकर/फंड हाउस के कैपिटल गेंस स्टेटमेंट, और प्रॉपर्टी के लिए बिक्री/ख़रीद की डीड के साथ सुधार पर हुए ख़र्च।
यह सामान्य जानकारी है, कोई क़ानूनी या टैक्स सलाह नहीं — और ToolGalli किसी सरकारी विभाग या बैंक से संबद्ध नहीं है। ज़रूरतें बदलती रहती हैं; ऑफ़िशियल स्रोत पर ज़रूर पुष्टि करें।